श्रीसैलम सुरंग में हुए भूस्खलन में राहत कार्यों का अपडेट, एक और शव बरामद
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-03-28 08:02:25

22 फरवरी 2025 को तेलंगाना के नागरकर्नूल जिले में श्रीसैलम लेफ्ट बैंक कैनाल (SLBC) सुरंग में हुए भूस्खलन ने आठ श्रमिकों को फंसा लिया था। दुर्घटना के बाद से राहत कार्यों में लगी टीमें अब तक दो शव बरामद कर चुकी हैं। इस घटना ने न केवल पूरे क्षेत्र को चौंका दिया, बल्कि राहत और बचाव कार्यों की गति और प्रयासों को लेकर भी सरकार के उच्च अधिकारियों की निगरानी सुनिश्चित की है।
राहत कार्यों का अद्यतन:
राहत कार्यों की तेज़ी से जारी प्रक्रिया में मंगलवार को एक और शव को निकाला गया। इस शव को एक कठिन स्थिति से निकाला जा रहा था, जिससे यह कार्य और भी चुनौतीपूर्ण बन गया। अधिकारियों के अनुसार, "आज सुबह हमें एक और शव मिला जो फंसा हुआ था, हम उसे निकालने के लिए काम कर रहे हैं।" अब तक कुल आठ श्रमिकों में से दो शवों की बरामदगी हो चुकी है, और बाकी श्रमिकों को बचाने के लिए काम जारी है। (NDTV.com)
मुख्यमंत्री की समीक्षा और राहत कार्यों की दिशा:
तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने राहत कार्यों की प्रगति की समीक्षा की है। विधानसभा हॉल में हुई इस बैठक में उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों को कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि सरकार सभी आवश्यक कदम उठाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि कोई भी संसाधन राहत कार्यों में कसर न छोड़ने के लिए इस्तेमाल किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव संथि कुमारी को विशेष अधिकारी नियुक्त किया और राहत कार्यों की निरंतर निगरानी की दिशा में कदम उठाए। इस बैठक में मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों ने राहत कार्यों पर विस्तृत चर्चा की।
राहत कार्यों में आ रही चुनौतियां:
राहत कार्यों में अब तक कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे बड़ी चुनौती सुरंग में कम ऑक्सीजन, जल रिसाव और मलबे को हटाने की समस्या है। अधिकारियों का कहना है, "सुरंग के भीतर की स्थितियाँ अत्यंत चुनौतीपूर्ण हैं, लेकिन हम सभी संसाधनों का प्रयोग कर रहे हैं ताकि और शवों को सुरक्षित रूप से बाहर निकाला जा सके।" इसके अलावा, 30 मीटर का क्षेत्र हादसे के सबसे अधिक खतरनाक स्थान के रूप में पहचाना गया है, जहां से राहत कार्य सबसे अधिक चुनौतीपूर्ण हो रहे हैं।
अधिकारियों के बयान:
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा, "सरकार राहत कार्यों में कोई कसर नहीं छोड़ रही है। सभी आवश्यक संसाधनों का उपयोग किया जा रहा है ताकि बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की रुकावट न आए।" साथ ही, मुख्य सचिव संथि कुमारी ने बताया, "हमने एक उच्च स्तरीय टीम गठित की है, जो हर समय राहत कार्यों की निगरानी करेगी और पूरी प्रक्रिया को पारदर्शिता से अंजाम तक पहुंचाएगी।"
इस हादसे के बाद से राहत कार्यों में कई चुनौतियाँ सामने आईं, लेकिन तेलंगाना सरकार और संबंधित अधिकारियों की तत्परता से राहत कार्य लगातार जारी है। सरकारी अधिकारी और राहत टीमों का उद्देश्य बाकी श्रमिकों को सुरक्षित निकालना और उनके परिवारों को जल्द से जल्द न्याय दिलाना है। मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी के निर्देशों के बाद से राहत कार्यों में तेजी आई है, और इस प्रक्रिया में और भी अधिक संसाधनों का प्रयोग किया जा रहा है।