राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत भीलवाड़ा में विश्व टीबी दिवस पर विशेष आयोजन
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-03-26 10:10:28

टीबी, जिसे क्षय रोग के नाम से भी जाना जाता है, एक संक्रामक बीमारी है जो फेफड़ों को प्रभावित करती है। हर साल 24 मार्च को विश्व क्षय रोग दिवस मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य इस बीमारी के प्रति जागरूकता फैलाना और इसके उन्मूलन के लिए प्रयास करना है। भीलवाड़ा में इस अवसर पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, जिसमें जागरूकता रैली प्रमुख रही।
भीलवाड़ा में जागरूकता रैली का आयोजन
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग, भीलवाड़ा द्वारा राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत विश्व क्षय रोग दिवस के अवसर पर आमजन में टीबी के प्रति जागरूकता फैलाने हेतु ऑटो माइकिंग रैली का आयोजन किया गया। रैली को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. चेतेन्द्र पुरी गोस्वामी द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया, जो शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी। रैली में शामिल नर्सिंग कॉलेज के विद्यार्थियों और जिला क्षय निवारण केंद्र भीलवाड़ा के कर्मचारियों द्वारा नारों और सूचनात्मक सामग्री के माध्यम से जनजागरूकता प्रसारित की गई।
स्कूलों में जागरूकता कार्यक्रमों का संचालन
जिले के सभी ब्लॉक स्तर पर स्कूल के बच्चों द्वारा टीबी जनजागरूकता रैली का आयोजन किया गया। इसके अलावा, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों द्वारा संगोष्ठी कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिसमें टीबी रोग के लक्षण, जांच, उपचार के साथ ही एडल्ट बीसीजी के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य बच्चों और युवाओं में टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ाना था।
राष्ट्रीय स्तर पर भीलवाड़ा की सहभागिता
विश्व क्षय रोग दिवस के अवसर पर नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम में जिला क्षय रोग निवारण अधिकारी डॉ. प्रदीप कटारिया ने सहभागिता की। इस कार्यक्रम में टीबी उन्मूलन के लिए किए जा रहे प्रयासों और उपलब्धियों पर चर्चा की गई। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. चेतेन्द्र पुरी गोस्वामी ने जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष 117 ग्राम पंचायतों का दावा प्रधानमंत्री टीबी मुक्त ग्राम पंचायत अभियान के तहत राष्ट्रीय स्तर पर भेजा गया है।
जागरूकता बढ़ाने के लिए अन्य गतिविधियाँ
रैली में भाग लेने वाले विद्यार्थियों को डॉ. भगवती लाल कुम्हार द्वारा क्षय रोग के लक्षण, बचाव एवं उपचार के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई, ताकि समाज में इस बीमारी को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर किया जा सके। इसके अलावा, सूचना केंद्र चौराहे पर जिला स्वास्थ्य समिति के तत्वावधान में रंगोली और कैंडल लाइट के माध्यम से भी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें 'म्हारे गांव टीबी न पसारे पांव का संदेश दिया गया।
भीलवाड़ा में विश्व क्षय रोग दिवस के अवसर पर आयोजित इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य क्षय रोग के प्रति जागरूकता बढ़ाना और इसे समाज से जड़ से समाप्त करने की दिशा में प्रभावी कदम उठाना था। इन प्रयासों से उम्मीद है कि समाज में टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और लोग इस बीमारी के लक्षण, बचाव और उपचार के प्रति सजग होंगे।