पंजाब में नशे के खिलाफ जंग: बड़े ड्रग तस्कर गिरफ्तार, भारी मात्रा में हथियार और नकदी बरामद
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-03-06 13:38:03

पंजाब में नशे के खिलाफ चल रही मुहिम में एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने दो कुख्यात ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया है, जिनके पास से हथियार और नकदी बरामद हुई है। यह कार्रवाई राज्य में नशे के जाल को तोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
मुख्य आरोपी: अमोलक सिंह और महाबीर सिंह की गिरफ्तारी
पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने बताया कि अमृतसर पुलिस आयुक्तालय ने दो कुख्यात ड्रग तस्करों, अमोलक सिंह और महाबीर सिंह उर्फ गोल्डी को गिरफ्तार किया है। अमोलक सिंह अपने बेटे के साथ मिलकर ड्रग कार्टेल चला रहा था। वह 2019 से जेल से बाहर था, लेकिन सक्रिय रूप से तस्करी में लिप्त था और वर्षों से फरार चल रहा था। उसके खिलाफ पंजाब में एनडीपीएस और आर्म्स एक्ट के तहत दस एफआईआर दर्ज हैं।
बरामदगी: हथियार और नकदी
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने एक .30 पिस्टल, दो मैगजीन और 15 जिंदा कारतूस, एक .30 सिंगल बैरल स्प्रिंगफील्ड राइफल के साथ पांच जिंदा कारतूस और एक लाख रुपये की ड्रग मनी बरामद की। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि अमोलक सिंह के पास फर्जी आर्म्स लाइसेंस था। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और और भी बरामदगी की उम्मीद है।
पूर्व की गिरफ्तारियाँ: नेटवर्क पर शिकंजा
इस मामले में पहले ही सात आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनके पास से 3 किलोग्राम हेरोइन, 5 लाख रुपये की ड्रग मनी और अपराध में इस्तेमाल किए गए वाहन बरामद हुए थे। यह दर्शाता है कि पुलिस ने ड्रग तस्करी के इस नेटवर्क पर कड़ा शिकंजा कसा है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया: नशे के खिलाफ सख्त संदेश
2 मार्च को आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि जो लोग ड्रग्स बेचते हैं, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा और पंजाब से ड्रग्स को हमेशा के लिए खत्म किया जाएगा। उन्होंने कहा, "हमारी सरकार ने पंजाब में ड्रग्स के खिलाफ एक बड़ा युद्ध शुरू किया है। ड्रग्स ने हमारे युवाओं और बच्चों की एक बड़ी संख्या को बर्बाद कर दिया है। जो लोग ड्रग्स बेचते हैं, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा। ड्रग्स को पंजाब से हमेशा के लिए खत्म किया जाएगा।"
केंद्रीय सरकार की पहल: नशामुक्त भारत की ओर
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ड्रग तस्करों को कड़ी सजा देने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है और केंद्र सरकार नशामुक्त भारत बनाने के लिए ड्रग्स के खतरे से लड़ने के लिए प्रतिबद्ध है। एक पोस्ट में अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में, सरकार नशामुक्त भारत बनाने के लिए ड्रग्स के खतरे से लड़ने के लिए कठोर और विस्तृत जांच के साथ प्रतिबद्ध है। गृह मंत्री ने कहा कि एक दोषरहित जांच के परिणामस्वरूप, 12 विभिन्न मामलों में 29 ड्रग तस्करों को अदालत ने दोषी ठहराया है। इन मामलों में चरस, गांजा, अफीम और हेरोइन जैसी बड़ी मात्रा में मादक पदार्थों की जब्ती शामिल है, और आरोपियों को नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंस (NDPS) एक्ट के तहत कठोर सजा सुनाई गई है।
नशे के खिलाफ संयुक्त प्रयास की आवश्यकता
पंजाब पुलिस की यह कार्रवाई राज्य में ड्रग्स के खिलाफ चल रही लड़ाई में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। अमोलक सिंह और महाबीर सिंह जैसे कुख्यात तस्करों की गिरफ्तारी से यह स्पष्ट होता है कि कानून प्रवर्तन एजेंसियाँ नशे के नेटवर्क को तोड़ने के लिए प्रतिबद्ध हैं। केंद्रीय और राज्य सरकारों के संयुक्त प्रयासों से नशामुक्त भारत का सपना साकार हो सकता है।