ट्रांसपोर्ट गोदाम में पटाखा विस्फोट: काकीनाडा में चार मजदूर घायल
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-03-04 16:39:28

आंध्र प्रदेश के काकीनाडा में सोमवार सुबह एक अप्रत्याशित घटना घटी, जब जय बालाजी ट्रांसपोर्टर्स के गोदाम में पटाखों के विस्फोट से चार मजदूर घायल हो गए। यह घटना न केवल सुरक्षा मानकों की अनदेखी और मजदूरों की लापरवाही को उजागर करती है, बल्कि ट्रांसपोर्ट उद्योग में खतरनाक सामग्रियों के प्रबंधन पर भी सवाल खड़े करती है।
घटना का विवरण:
सोमवार सुबह, जय बालाजी ट्रांसपोर्टर्स के गोदाम में मजदूर नियमित रूप से सामान उतार रहे थे। इसी दौरान, अपनी आदत के अनुसार एक पार्सल को एक मजदूर ने जैसे ही गिराया उसमे विस्फोट हो गया। ऐसा कहा जा रहा है कि हैदराबाद से आए छोटे पटाखों का एक पार्सल गलती से गिर गया, जिससे जोरदार विस्फोट हुआ। इस धमाके से वहां मौजूद श्रमिकों में अफरा-तफरी मच गई, और सभी सुरक्षित स्थानों की ओर भागे।
घायलों की स्थिति:
विस्फोट में घायल हुए चारों व्यक्तियों को तुरंत काकीनाडा सरकारी सामान्य अस्पताल (जीजीएच) में भर्ती कराया गया। अस्पताल सूत्रों के अनुसार, घायलों की स्थिति स्थिर है, लेकिन उनमें से कुछ को गंभीर चोटें आई हैं, जिनका इलाज जारी है।
पुलिस की प्रतिक्रिया:
काकीनाडा जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) बिंदु माधव ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा, "जय बालाजी ट्रांसपोर्टर्स में मजदूरों द्वारा पार्सल उतारते समय पटाखों का विस्फोट हुआ, जिससे चार लोग घायल हो गए।" पुलिस ने मौके से पटाखों के दो और बैग जब्त किए हैं और मामले की जांच शुरू कर दी है।
सुरक्षा मानकों पर सवाल:
यह घटना ट्रांसपोर्ट कंपनियों में खतरनाक सामग्रियों के प्रबंधन और सुरक्षा मानकों के साथ-साथ मजदूरों द्वारा सामान उतारे और चढाने के दौरान बरती जाने वाली लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े करती है। पटाखों जैसे विस्फोटक पदार्थों का परिवहन एवं लोडिंग/अनलोडिंग विशेष सावधानी और नियमों के तहत किया जाना चाहिए, लेकिन इस मामले में इन मानकों की अनदेखी स्पष्ट रूप से दिखाई देती है।
आगे की कार्रवाई:
पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या पार्सल में पटाखों की जानकारी ट्रांसपोर्ट कंपनी को थी या नहीं। साथ ही, यह भी जांच की जा रही है कि क्या पटाखों का परिवहन संबंधित नियमों के अनुसार किया गया था।
काकीनाडा की यह घटना ट्रांसपोर्ट उद्योग में सुरक्षा मानकों की पुनर्समीक्षा की आवश्यकता को रेखांकित करती है। खतरनाक सामग्रियों के परिवहन में लापरवाही न केवल श्रमिकों के जीवन के लिए खतरा है, बल्कि यह सार्वजनिक सुरक्षा के लिए भी गंभीर चुनौती है।