( अब खबर धरती के भगवान की )स्वास्थ्य अनुसंधान में बीकानेर की ऐतिहासिक उपलब्धि: एमआरयू कार्यशाला ने खोले नए आयाम
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-03-02 08:54:19

चिकित्सा अनुसंधान के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने के लिए, डिपार्टमेंट ऑफ हेल्थ रिसर्च (डीएचआर), नई दिल्ली द्वारा बीकानेर की बहुविषयक अनुसंधान इकाई (एमआरयू) को ‘बेस्ट परफॉर्मिंग एमआरयू’ के प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा गया। इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के उपरांत, एमआरयू बीकानेर के तत्वावधान में 27 फरवरी से 1 मार्च 2025 तक एक उच्च स्तरीय तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य चिकित्सा अनुसंधान की नवीनतम तकनीकों और दृष्टिकोणों को उन्नत करना था।
सहयोग और प्रमुख मेडिकल कॉलेजों की भागीदारी
यह कार्यशाला भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर), डीएचआर दिल्ली और आईआईपीएच गांधीनगर के सहयोग से आयोजित की गई। इसमें राजस्थान के तीन प्रमुख मेडिकल कॉलेज—जोधपुर, पाली और उदयपुर ने भी भाग लिया। इस आयोजन ने चिकित्सा अनुसंधान को नई दिशा देने के साथ-साथ, शोध कार्यों की गुणवत्ता और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मंच प्रदान किया।
कार्यशाला का भव्य उद्घाटन: विशेषज्ञों ने रखे विचार
इस कार्यशाला का उद्घाटन आईआईपीएच प्रिंसिपल, डॉ. गुंजन सोनी द्वारा किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने एमआरयू बीकानेर की सराहनीय उपलब्धियों की भूरी-भूरी प्रशंसा की और कहा कि यह इकाई चिकित्सा अनुसंधान के क्षेत्र में अनुसंधानकर्ताओं के लिए एक आदर्श केंद्र बनकर उभर रही है।
अनुसंधान की जटिलताओं पर विशेषज्ञों के व्याख्यान
इस कार्यशाला में आईआईपीएच गांधीनगर के सहायक आचार्य डॉ. मेधा वधवा और डॉ. यशोबंत ने अनुसंधान परियोजनाओं के प्रारूप, निष्पादन एवं प्रकाशन की प्रक्रिया पर विस्तृत व्याख्यान दिया।
इसके अतिरिक्त, एम्स जोधपुर की डॉ. हर्षिता ने यह बताया कि अनुसंधान प्रश्नों को प्रभावी परियोजनाओं में किस प्रकार परिवर्तित किया जाए ताकि वे व्यावहारिक और चिकित्सकीय दृष्टि से उपयोगी बन सकें।
राजस्थान के शीर्ष चयनित चिकित्सकों की भागीदारी
इस कार्यशाला में जोधपुर, उदयपुर और पाली से 5-5 फैकल्टी सदस्यों तथा बीकानेर से 10 फैकल्टी सदस्यों का चयन किया गया। ये सभी प्रतिष्ठित चिकित्सक अपने-अपने शोध कार्यों को और अधिक परिष्कृत करने और आधुनिक अनुसंधान पद्धतियों को आत्मसात करने के उद्देश्य से इस कार्यशाला में सम्मिलित हुए।
कार्यशाला का सफल आयोजन और प्रमुख योगदानकर्ता
इस कार्यशाला के नोडल अधिकारी, डॉ. संजय कोचर ने सभी प्रतिभागियों को शोध कार्यों में निष्ठा और गुणवत्ता बनाए रखने हेतु प्रेरित किया और उन्हें चिकित्सा अनुसंधान में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित किया।
कार्यशाला के सफल आयोजन में डॉ. रिजवान, डॉ. निरंजना और एमआरयू टीम का अहम योगदान रहा। इसके अतिरिक्त, माइक्रोबायोलॉजी विभाग की डॉ. तरुणा स्वामी ने भी इस कार्यशाला की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
चिकित्सा अनुसंधान के क्षेत्र में बीकानेर की ऐतिहासिक प्रगति
इस कार्यशाला ने राजस्थान में चिकित्सा अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने की दिशा में एक नई इबारत लिखी है। बीकानेर स्थित एमआरयू द्वारा यह आयोजन चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साबित हुआ।