दिल्ली-एनसीआर में भूकंप के तेज झटके: सुबह-सुबह कांपी धरती, घरों से बाहर निकले लोग


के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा  2025-02-19 22:27:10



 

सोमवार सुबह दिल्ली-एनसीआर के निवासियों ने धरती के तेज झटकों के साथ दिन की शुरुआत की। सुबह 5:36 बजे आए इस भूकंप ने राजधानी और आसपास के क्षेत्रों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया, जिससे लोग अपने घरों से बाहर निकलने पर मजबूर हो गए।

भूकंप का विवरण

नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के अनुसार, भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 4.0 मापी गई, जिसका केंद्र नई दिल्ली में जमीन से पांच किलोमीटर की गहराई पर स्थित था। केंद्र की उथली गहराई और स्थान के कारण, दिल्ली-एनसीआर में झटके अधिक तीव्रता से महसूस किए गए। यह भूकंप 28.59° उत्तरी अक्षांश और 77.16° पूर्वी देशांतर पर स्थित था। 

निवासियों की प्रतिक्रिया

भूकंप के झटके इतने तेज थे कि कई लोग नींद से जाग गए और घबराहट में घरों से बाहर निकल आए। दिल्ली, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, फरीदाबाद, और गाजियाबाद सहित कई क्षेत्रों में लोग अपने घरों से बाहर सड़कों पर देखे गए। एक स्थानीय निवासी ने बताया, "मैं सो रहा था जब अचानक सब कुछ हिलने लगा। मैं तुरंत जागा और समाचार देखने लगा। लगभग पांच मिनट बाद, मुझे पता चला कि 4.0 तीव्रता का भूकंप आया है।"

विशेषज्ञों की राय

भूकंप विशेषज्ञों के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र भूकंपीय क्षेत्र IV में आता है, जो इसे भूकंप के लिए संवेदनशील बनाता है। इस क्षेत्र में समय-समय पर मध्यम तीव्रता के भूकंप आते रहते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि उथले गहराई पर केंद्रित भूकंप के झटके अधिक तीव्रता से महसूस होते हैं, जिससे लोगों में दहशत फैल सकती है।

राष्ट्रीय राजधानी और आसपास के इलाकों में आए 4.0 तीव्रता के भूकंप पर नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (एनसीएस) के निदेशक डॉ. ओपी मिश्रा कहते हैं, "दिल्ली में छोटे-छोटे भूकंप आते रहे हैं। यह भूकंप धौला कुआं में आया था। 2007 में यहां 4.7 तीव्रता का भूकंप आया था। चिंता की कोई बात नहीं है। यह भूकंपीय क्षेत्र है... 4.0 तीव्रता के बाद, झटके 1.2 तीव्रता से कम होंगे, यह स्वाभाविक है क्योंकि इससे भूकंप ठीक हो जाएगा..."

सुरक्षा उपाय और जागरूकता

भूकंप के दौरान सुरक्षा के लिए निम्नलिखित उपाय अपनाए जाने चाहिए:

शांत रहें: घबराएं नहीं और शांत रहें।

सुरक्षित स्थान पर जाएं: मजबूत फर्नीचर के नीचे छिपें या किसी कोने में खड़े हों।

बाहर न भागें: जब तक झटके बंद न हों, बाहर न जाएं।

सीढ़ियों और लिफ्ट का उपयोग न करें: भूकंप के दौरान सीढ़ियों और लिफ्ट का उपयोग खतरनाक हो सकता है।

आपातकालीन किट तैयार रखें: पानी, भोजन, प्राथमिक चिकित्सा किट, टॉर्च, और आवश्यक दवाओं का संग्रह रखें।

दिल्ली-एनसीआर में आए इस भूकंप ने एक बार फिर से हमें प्राकृतिक आपदाओं के प्रति सतर्क रहने की आवश्यकता का एहसास दिलाया है। भूकंप के दौरान उचित सुरक्षा उपायों का पालन करके हम अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकते हैं। साथ ही, प्रशासन और संबंधित एजेंसियों को भी त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार रहना चाहिए।


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