बीकानेर न्यायालय में राजेश शर्मा दोषमुक्त: रतन इंडस्ट्रीज के लेन-देन मामले में फैसला
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-02-19 06:20:06

बीकानेर के विशिष्ट न्यायिक मजिस्ट्रेट संख्या 3 की अदालत ने रतन इंडस्ट्रीज बनाम राजेश शर्मा मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। रूपयों के लेन-देन से संबंधित इस प्रकरण में अभियुक्त राजेश शर्मा को दोषमुक्त कर दिया गया है। अभियुक्त की ओर से अधिवक्ता ललित घारू ने पैरवी की।
मामले का विवरण
रतन इंडस्ट्रीज के प्रोपराइटर ने राजेश शर्मा के खिलाफ न्यायालय में रूपयों के लेन-देन का एक प्रकरण दायर किया था, जिसका मुकदमा संख्या 6853/2012 था। इस मामले में अभियुक्त पर धनराशि से संबंधित अनियमितताओं का आरोप लगाया गया था। न्यायालय ने सभी साक्ष्यों और दलीलों पर विचार करने के बाद राजेश शर्मा को दोषमुक्त कर दिया।
अधिवक्ता ललित घारू: एक परिचय
अधिवक्ता ललित घारू बीकानेर के प्रमुख कानूनी विशेषज्ञों में से एक हैं। उन्होंने कई महत्वपूर्ण मामलों में अपने मुवक्किलों की सफलतापूर्वक पैरवी की है। उनकी कानूनी समझ और तर्कशक्ति के लिए वे न्यायिक समुदाय में सम्मानित माने जाते हैं।
पूर्व का मामला: सन्नी कंडारा की दोषमुक्ति
इससे पहले, 11 फरवरी 2025 को, अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संख्या 3, बीकानेर ने प्रकरण संख्या 11877/2023 में अभियुक्त सन्नी कंडारा को धारा 363 भादंसं के तहत आरोपों से साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त किया था। इस मामले में भी अधिवक्ता ललित घारू ने अभियुक्त की ओर से सफल पैरवी की थी।
बहरहाल, न्यायालय के इन फैसलों से यह स्पष्ट होता है कि साक्ष्यों के अभाव में किसी को दोषी नहीं ठहराया जा सकता। अधिवक्ता ललित घारू की कुशल पैरवी ने अभियुक्तों को न्याय दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।