चमोली में भारत-तिब्बत सीमा क्षेत्र के लिए ऑनलाइन इनर लाइन परमिट: पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
2025-02-18 05:38:04

उत्तराखंड के चमोली जिले में स्थित भारत-तिब्बत सीमा क्षेत्र अपने नैसर्गिक सौंदर्य और धार्मिक महत्व के लिए प्रसिद्ध है। माणा पास, रिमखिम पास और नीती पास जैसे स्थानों पर हर वर्ष बड़ी संख्या में पर्यटक और श्रद्धालु आते हैं। अब, जिला प्रशासन ने इन क्षेत्रों में भ्रमण के लिए आवश्यक इनर लाइन परमिट की प्रक्रिया को ऑनलाइन करके इसे और भी सुगम बना दिया है।
ऑनलाइन आवेदन की सुविधा
चमोली के जिलाधिकारी संदीप तिवारी ने बताया कि इनर लाइन पास के लिए ऑनलाइन आवेदन की सुविधा शुरू की जा रही है। एचडीएफसी बैंक के सीएसआर फंड से इस वेबसाइट के निर्माण के लिए धनराशि उपलब्ध कराई गई है। इस पहल से इच्छुक व्यक्ति घर बैठे ही परमिट के लिए आवेदन कर सकेंगे, जिससे समय और संसाधनों की बचत होगी।
वेबसाइट का विवरण
ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर जयवीर सिंह ने जानकारी दी कि जिला प्रशासन ने https://Pass.chamoli.org/ वेबसाइट तैयार की है। इस पोर्टल के माध्यम से पर्यटक इनर लाइन परमिट के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के दौरान, उन्हें स्थानीय पुलिस और स्वास्थ्य विभाग से प्रमाणपत्र प्राप्त करना होगा। इसके अलावा, वेबसाइट पर मौसम और सीमा क्षेत्र की सड़कों की स्थिति की जानकारी भी उपलब्ध होगी, जिससे यात्रा की योजना बनाना आसान होगा।
भ्रमण की अनुमति वाले क्षेत्र
इस ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से निम्नलिखित क्षेत्रों के लिए भ्रमण की अनुमति प्रदान की जाएगी:
घस्तोली
रत्ताकोणा
जगराऊं
देवताल
माणा पास
गोटिंग
ग्यालडुंग
गणेश गंगा
क्यूलांग
नीती पास
16 प्वाइंट
अपर रिमखिम
लोअर रिमखिम
पार्वती कुंड
इन क्षेत्रों में प्राकृतिक सौंदर्य के साथ-साथ धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व भी है, जो पर्यटकों को आकर्षित करते हैं।
इनर लाइन परमिट का महत्व
इनर लाइन परमिट एक आधिकारिक दस्तावेज है, जो भारतीय नागरिकों को कुछ संरक्षित क्षेत्रों में प्रवेश की अनुमति देता है। यह परमिट सीमावर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के लिए आवश्यक है। चमोली जिले के कुछ हिस्सों में, विशेषकर चीन सीमा से लगे क्षेत्रों में, इस परमिट के बिना प्रवेश वर्जित है।
पर्यटन को बढ़ावा
ऑनलाइन परमिट प्रणाली से पर्यटकों को सुविधा मिलने के साथ-साथ स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ होगा। पर्यटन से जुड़े व्यवसाय, जैसे होटल, रेस्टोरेंट, गाइड सेवाएं आदि, इससे प्रोत्साहित होंगे। इसके अलावा, स्थानीय संस्कृति और हस्तशिल्प को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे क्षेत्र का समग्र विकास संभव होगा।
चमोली जिला प्रशासन की यह पहल पर्यटकों के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा है, जो न केवल यात्रा को सरल बनाएगी, बल्कि क्षेत्र के विकास में भी सहायक सिद्ध होगी। ऑनलाइन इनर लाइन परमिट प्रणाली से पारदर्शिता और दक्षता में वृद्धि होगी, जिससे अधिक से अधिक लोग इस सुंदर क्षेत्र का आनंद ले सकेंगे।