अमेरिका से डिपोर्ट किए जा रहे भारतीय: एक नहीं दो विमान और आ रहे हैं, अमृतसर में लैंडिंग पर सियासी घमासान
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-02-16 20:41:36

अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे भारतीय नागरिकों को डिपोर्ट कर वापस भारत भेजने की प्रक्रिया तेज हो गई है। इस क्रम में, दो अमेरिकी विमान अमृतसर एयरपोर्ट पर लैंड करने वाले हैं—एक शनिवार, 15 फरवरी 2025 को, और दूसरा रविवार, 16 फरवरी 2025 को। इन विमानों में अधिकांश यात्री पंजाब के हैं। इस मुद्दे पर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कड़ी आपत्ति जताई है, जिससे राजनीतिक माहौल गरमा गया है।
डिपोर्टेशन की वर्तमान स्थिति
15 फरवरी को आने वाले विमान में 119 भारतीय नागरिक सवार होंगे, जिनमें से 67 पंजाब से हैं। इनमें गुरदासपुर के 11, कपूरथला के 10, होशियारपुर के 10, और अमृतसर के 7 लोग शामिल हैं। 16 फरवरी को आने वाले दूसरे विमान में 33 हरियाणा, 30 पंजाब, 8 गुजरात, 3 उत्तर प्रदेश, 2 गोवा, 2 महाराष्ट्र, 2 राजस्थान, 1 हिमाचल प्रदेश, और 1 जम्मू-कश्मीर से हैं। पंजाब के यात्रियों में गुरदासपुर के 6, जालंधर और अमृतसर के 4-4 लोग शामिल हैं।
मुख्यमंत्री भगवंत मान की आपत्ति
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अमेरिकी विमानों की अमृतसर में लैंडिंग पर नाराजगी जताते हुए कहा कि केंद्र सरकार पंजाब को बदनाम करने के लिए ऐसा कर रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि केवल अमृतसर एयरपोर्ट को ही क्यों चुना गया, जबकि अन्य हवाई अड्डों का भी उपयोग किया जा सकता था। मान ने इसे पंजाबियों के खिलाफ षड्यंत्र करार दिया।
भाजपा की प्रतिक्रिया
पंजाब भाजपा के उपाध्यक्ष फतेहजंग सिंह बाजवा ने मुख्यमंत्री के बयान की आलोचना करते हुए कहा कि भगवंत मान इस मुद्दे का राजनीतिकरण कर रहे हैं। उन्होंने पूछा कि आप सरकार ने उन एजेंटों के खिलाफ क्या कार्रवाई की है, जो युवाओं को अवैध रूप से विदेश भेज रहे हैं। बाजवा ने कहा कि पंजाब में अवैध इमीग्रेशन एक बड़ा उद्योग बन चुका है, और सरकार को इस पर सख्त कदम उठाने चाहिए।
कांग्रेस का दृष्टिकोण
पंजाब कांग्रेस सांसद गुरजीत सिंह औजला ने कहा कि मुख्यमंत्री का बयान सिर्फ सुर्खियां बटोरने के लिए है। उन्होंने कहा कि फ्लाइट दिल्ली में भी लैंड हो सकती थी, और पंजाब की बदनामी नहीं हो रही है। औजला ने सवाल उठाया कि राज्य सरकार लोगों को रोजगार देने के लिए क्या कर रही है, जिससे लोग विदेश जाने को मजबूर न हों।
भाजपा राष्ट्रीय प्रवक्ता की टिप्पणी
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता जयवीर शेरगिल ने कहा कि अमेरिका से डिपोर्ट किए जा रहे पंजाबी धोखेबाज एजेंटों और पंजाब में फेल हो चुकी आम आदमी पार्टी सरकार के शिकार हैं। उन्होंने कहा कि भगवंत मान को सवाल पूछने का हक नहीं, बल्कि जवाब देना चाहिए कि पंजाब का युवा राज्य छोड़कर क्यों जा रहा है। शेरगिल ने पूछा कि मुख्यमंत्री ने उन एजेंटों पर क्या कार्रवाई की है, जो युवाओं को गुमराह कर रहे हैं।
कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत की प्रतिक्रिया
कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि पिछली बार आए अधिकतर निर्वासित लोग गुजराती थे। उन्होंने सवाल उठाया कि विमान अमृतसर में क्यों उतरा, गुजरात में क्यों नहीं। श्रीनेत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति के सामने हमारे लोगों के साथ हो रहे अमानवीय व्यवहार का मुद्दा क्यों नहीं उठाया। उन्होंने सरकार की विदेश नीति को विफल बताया।
अमेरिका से डिपोर्ट किए गए भारतीयों की वापसी और उनकी अमृतसर में लैंडिंग पर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इसे पंजाब को बदनाम करने की साजिश बताया है, जबकि विपक्षी दलों ने इसे राजनीतिकरण करार दिया है। इस मुद्दे पर विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं के बयान सामने आ रहे हैं, जिससे यह मामला और भी गरमा गया है।