जोधपुर एम्स को आरडीएक्स से उड़ाने की धमकी कोरी अफवाह: सुरक्षा एजेंसियां सतर्क
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2025-02-15 09:15:36

जोधपुर के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) को आरडीएक्स बम से उड़ाने की धमकी भरा ईमेल मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया है। यह ईमेल दक्षिण भारत की अन्ना यूनिवर्सिटी के एक प्रोफेसर के नाम से भेजा गया, जिससे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।
धमकी भरे ईमेल का विवरण
मंगलवार देर रात एम्स जोधपुर के निदेशक के आधिकारिक ईमेल पर एक धमकी भरा संदेश प्राप्त हुआ। इसमें लिखा गया था कि एम्स परिसर को आरडीएक्स से उड़ाया जाएगा और सभी वीआईपी व्यक्तियों को तुरंत सुरक्षित बाहर निकालने की सलाह दी गई। ईमेल में आत्मघाती हमले की भी चेतावनी दी गई थी।
सुरक्षा एजेंसियों की त्वरित कार्रवाई
धमकी मिलने के बाद एम्स प्रशासन ने तुरंत बासनी थाना पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर अस्पताल परिसर को सुरक्षा घेरे में ले लिया और बम निरोधक दस्ते एवं डॉग स्क्वायड की मदद से सघन तलाशी अभियान चलाया। अस्पताल के हर कोने, पार्किंग क्षेत्र और आने-जाने वाले लोगों की गहन जांच की गई। हालांकि, किसी भी संदिग्ध वस्तु के न मिलने से प्रशासन ने राहत की सांस ली।
ईमेल की उत्पत्ति की जांच
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह धमकी भरा ईमेल अन्ना यूनिवर्सिटी के एक प्रोफेसर के नाम से भेजा गया है। पुलिस को संदेह है कि यह किसी शरारती तत्व द्वारा फर्जी तरीके से भेजा गया मेल हो सकता है। साइबर सेल की टीम ईमेल भेजने वाले की पहचान में जुटी हुई है और मेल भेजने वाले का IP एड्रेस ट्रैक किया जा रहा है ताकि यह पता चल सके कि वास्तव में मेल प्रोफेसर ने भेजा है या किसी ने उनके नाम का गलत इस्तेमाल किया है।
अन्ना यूनिवर्सिटी का संदर्भ
धमकी भरे ईमेल में अन्ना यूनिवर्सिटी में हाल ही में हुई एक घटना का उल्लेख किया गया है। 23 दिसंबर को 19 वर्षीय इंजीनियरिंग छात्रा के साथ विश्वविद्यालय परिसर में यौन शोषण का मामला सामने आया था, जिसके बाद वहां विरोध प्रदर्शन हुए थे। इस घटना के संदर्भ में एम्स जोधपुर को धमकी दी गई है, जिससे मामले की गंभीरता बढ़ गई है।
सुरक्षा व्यवस्था में वृद्धि
धमकी के मद्देनजर एम्स जोधपुर की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। प्रवेश द्वारों पर दोहरी जांच की व्यवस्था की गई है और सुरक्षा गार्डों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। अस्पताल प्रशासन और पुलिस किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
हालांकि तलाशी अभियान में कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है, लेकिन पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां इसे हल्के में नहीं ले रही हैं। साइबर एक्सपर्ट्स की मदद से मेल भेजने वाले तक पहुंचने के प्रयास जारी हैं। अस्पताल प्रशासन ने भी कर्मचारियों और मरीजों से सतर्क रहने की अपील की है।