बुनियाद हुसैन जहीन ने जुल्म के दरिया का पानी उतारने की बात कही-
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2024-12-25 22:07:00

जामी उर्दू अकादमी,बीकानेर की तरफ से अल्हाज हाफिज गुलाम रसूल शादजामी के 10 वें उर्स के अवसर पर शीतला गेट स्थित मदरसा जामिया में एक गैर तरही नातिया मुशायरा आयोजित किया गया जिसमें नगर के शायरों ने पैग़म्बरे इस्लाम हजरत मुहम्मद साहिब की शान में कलाम सुनाए।
अध्यक्षता करते हुए बीकानेर के वरिष्ठ शायर जाकिर अदीब ने नात सुना कर वाह वाही लूटी-
सुबहे अज़ल भी जिस पे है कुर्बान हर घड़ी
वो शाम है तो सिर्फ मदीने की शाम है
डा ज़िया उल हसन कादरी ने नात शरीफ सुना कर दाद हासिल की-
वो जिस के फैज़ से गुल खिल गए मुहब्बत के
चली है ऐसी सुहानी हवा मदीने से
जोश पर है जो जुल्म का दरिया
उसका पानी उतार दे मोला
इस अवसर पर राजस्थान उर्दू अकादमी के पूर्व सदस्य असद अली असद,वली मुहम्मद गौरी वली,इमदाद उल्लाह बासित,कासिम बीकानेरी,अब्दुल जब्बार जज़्बी,मुहम्मद रमज़ान राज जामी,सागर सिद्दीकी,अमर जुनूनी,मोईनउद्दीन मोईन,अब्दुल शकूर सिसोदिया,महबूब देशनोकवी और मुहम्मद यासीन ने भी नात शरीफ सुना कर प्रोग्राम को आगे बढ़ाया।
शाद साहिब के शागिर्द व ईदगाह कमेटी के अध्यक्ष हाफिज फरमान अली ने शादजामी की ख़िदमात पर रोशनी डालते हुए कहा कि उन्होंने बीकानेर में कुरआन और उर्दू के प्रचार प्रसार के लिए भरपूर सेवाएं दी हैं।उन्होंने सैकड़ों लोगों को कुरआन पढ़ाया और उर्दू टीचर बनाए।कलीमुद्दीन जामी,हाफिज नईमुद्दीन जामी, मोईनुद्दीन जामी,वसीमुद्दीन जामी,मौलाना शोएब हसन,अली अशरफ़ी,इमाम मोहिउद्दीन,निसार अहमद,राना सद्दाम,अजमल हुसैन, मसीहुद्दीन,नजीबुद्दीन, समयुद्दीन,हिसामुद्दीन,मुहम्मद अली लाखनौत,मास्टर लतीफ अहमद ने सहित अनेक श्रोताओं ने मुशायरे में शिरकत की।
मुशायरे का आगाज पवित्र कुरआन के पाठ से हुआ।हाफिज शमीम अहमद ने तरन्नुम से हम्द और नात सुना कर माहौल में रूहानियत भर दी।
पूर्व में जामी उर्दू अकादमी के अलीमुद्दीन जामी ने आगंतुकों का स्वागत किया।अंत में हाफिज नौशाद अली एंड पार्टी ने तरन्नुम में सलाम पढ़ी।संचालन डॉ ज़िया उल हसन कादरी ने किया।