किसानों को राजमार्गों से नाकाबंदी हटाने के आदेश देने की याचिका सुप्रीम कोर्ट ने खारिज की
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2024-12-10 12:49:53

नई दिल्ली, 9 दिसंबर 2024: सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को पंजाब में किसानों द्वारा राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों की नाकाबंदी हटाने की मांग वाली जनहित याचिका को खारिज कर दिया। न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति मनमोहन की खंडपीठ ने कहा कि इस विषय पर पहले से ही एक याचिका लंबित है, इसलिए नई याचिका पर विचार नहीं किया जा सकता।
याचिका में क्या था दावा?
पंजाब के सामाजिक कार्यकर्ता गौरव लूथरा ने याचिका दायर कर मांग की थी कि केंद्र, पंजाब और हरियाणा सरकारें किसानों को राजमार्गों से हटाने के निर्देश दें। उनका कहना था कि नाकाबंदी से नागरिकों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन हो रहा है और आपातकालीन सेवाओं में बाधा उत्पन्न हो रही है।
सुप्रीम कोर्ट का दृष्टिकोण
अदालत ने टिप्पणी की कि विरोध का अधिकार संविधान द्वारा मान्यता प्राप्त है, लेकिन यह दूसरों के अधिकारों का उल्लंघन नहीं करना चाहिए। अदालत ने कहा, "हम पहले से ही इस मामले पर विचार कर रहे हैं। बार-बार याचिकाएं दायर न करें।"
किसानों का आंदोलन
किसान संगठन न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की कानूनी गारंटी और अन्य मांगों को लेकर पंजाब और हरियाणा के शंभू और खनौरी सीमाओं पर प्रदर्शन कर रहे हैं। यह आंदोलन फरवरी 2024 से जारी है, जब सुरक्षा बलों ने दिल्ली की ओर उनके मार्च को रोक दिया था।
अदालत की सलाह
अदालत ने याचिकाकर्ता के वकील को लंबित मामले में सहायता करने की स्वतंत्रता दी, जिससे किसानों की शिकायतों का समाधान किया जा सके।