कन्नौज में 200 साल पुराना मकबरा बुलडोजर से ध्वस्त, गिहार समुदाय में आक्रोश
के कुमार आहूजा कान्ता आहूजा 2024-12-03 06:11:12

उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले के कुतलूपुर गांव में एक 200 साल पुराना मकबरा बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया गया, जिससे गिहार समुदाय में भारी आक्रोश फैल गया। यह घटना सदर कोतवाली क्षेत्र में हुई, जहां जल निगम के अधिकारियों ने बिना पूर्व सूचना के यह कार्रवाई की।
मकबरे का ऐतिहासिक महत्व:
ध्वस्त किया गया मकबरा गिहार समुदाय के पूर्वजों का था, जो 200 वर्ष पुराना था। यह समुदाय अपने पूर्वजों की स्मृति में इस स्थल को संरक्षित करता आ रहा था, जो उनके सांस्कृतिक और धार्मिक महत्व का प्रतीक था।
ध्वस्तीकरण की घटना:
जल निगम के अधिकारियों ने बिना किसी पूर्व सूचना के बुलडोजर से मकबरे को ध्वस्त करना शुरू कर दिया। यह कार्रवाई स्थानीय निवासियों के लिए चौंकाने वाली थी, जिन्होंने तुरंत विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
समुदाय का विरोध:
गिहार समुदाय के लोग एकत्रित होकर ध्वस्तीकरण को रोकने का प्रयास करने लगे। भीड़ ने बुलडोजर चालक को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने चालक और बुलडोजर को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस की कार्रवाई:
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और चालक को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय निवासियों की प्रतिक्रिया:
स्थानीय निवासियों ने इस घटना को अपनी धार्मिक और सांस्कृतिक भावनाओं के साथ अन्याय बताया है। उन्होंने मांग की है कि मकबरे को पुनर्निर्मित किया जाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए उचित कदम उठाए जाएं।
कन्नौज में हुई इस घटना ने स्थानीय समुदाय के बीच असंतोष और आक्रोश को जन्म दिया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन स्थानीय निवासियों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए उचित समाधान की आवश्यकता है।